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सुरक्षा के पुख्ता इंतेजाम के साथ ही वायरलेस सेट को रखे सक्रिय

जिलाधिकारी, रायबरेली शुभ्रा सक्सेना व पुलिस अधीक्षक स्वप्निल ममगाई ने विगत देर रात्रि बचत भवन के सभागार में कानून एवं शान्ति व्यवस्था की अध्यक्षता करते हुए ड्यूटी पर तैनात सभी सेक्टर मजिस्टेªट, जोनल मजिस्टेªट तथा पुलिस अधिकारी की बैठक करते हुए निर्देश दिये कि जनपद में भ्रमण के दौरान स्वयं की सुरक्षा हेतु सुरक्षा नियंत्रण उपकरण बाडी प्रोटेक्टर, हेल्मेट व डंडा वायरलेस सेट पूरी तरह से लैस रहे के साथ ही सक्रिय रहें। क्षेत्र में अनावश्यक रूप से भीड़ को इक्ट्ठा न होने देना लोगों को समझाना तथा न मानने पर निरोधात्मक कार्यवाही नियामानुसार सुनिश्चित करें। कही पर रास्ते व क्षेत्र में बिल्डींग मटेरियल ईट, पत्थर, सरिया आदि निर्माण सामग्री एकत्र हो तो उसे तत्काल हटवाये। कही पर अवैध रूप से अनावश्यक वाहन को न खड़ा किया जाये। जन सामान्य से शहर के बुद्धजीवियों जनपदवासियों से शान्ति व सौहार्दपूर्ण अफवाह पर ध्यान न देने के साथ ही पूर्व के भांति भाईचारे संप्रादायिक सौहार्द्र को बनाये रखे की अपील निरन्तर करते रहे। जिलाधिकारी ने कहा कि कुछ अराजक तत्वों द्वारा नागरिकता संशोधन अधिनियम 2019 पर लोगों को गुमराह किया जा रहा है व तरह-तरह की अफवाह फैलायी जा रही है। धार्मिक स्थलों के ईद गिद भी कड़ी नजर रखने के साथ ही वहा के जनमानस के साथ भाईचारे के व्यवहार को बनाये रखे।
 जिलाधिकारी ने कहा कि नागरिकता संशोधन अधिनियम-2019 कानून सिर्फ नागरिकता देने के लिए है किसी की नागरिकता छीनने का अधिकार इस कानून में नही है। भारत के अल्पसंख्यकों विशेषकर मुसलमानों का नागरिकता संशोधन अधिनियम से कोई अहित नहीं है। नागरिकता संशोधन अधिनियम से देश के नागरिकों की नागरिकता पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। यह कानून किसी भी भारतीय हिन्दू, मुसलमान आदि को प्रभावित नहीं करेगा। इस अधिनियम के तहत पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश में धार्मिक उत्पीड़न के कारण वहां से आए हिन्दू, ईसाई, सिख, पारसी, जैन और बौद्ध धर्म को मानने वाले शरणार्थियों को भारत की नागरिकता दी जायेगी जो 31 दिसम्बर 2014 से पूर्व ही भारत में रह रहे हों तथा जो केवल इन तीन देशों से धर्म के आधार पर प्रताड़ित किए गए हों। अभी तक भारतीय नागरिकता लेने के लिए 11 साल भारत में रहना अनिवार्य था। यह कानून केवल उन लोगों के लिए है, जिन्होंने वर्षो से बाहर उत्पीड़न का सामना किया और उनके पास भारत आने के अलावा और कोई जगह नहीं है। जिलाधिकारी ने कहा कि ड्यूटी पर तैनात अधिकारी कर्मचारी नागरिकता संशोधन अधिनियम को भली-भांति जाने तथा आमजन को भी इस अधिनियम को बताकर जागरूक करें। 
 जिला व पुलिस प्रशासन के अधिकारियों की शान्ति व्यवस्था बनाये रखने के लिए ड्यूटी पर लगाये गये अधिकारियो को निर्देश दिये कि पुलिस, प्रशासनिक अधिकारी आदि से बेहतर सामन्जस्य बनाकर टीम भावना से कार्य कर प्रत्येक दशा में सभी धर्मो व सम्प्रदाय के लोगों से आपसी सौहार्द भाई चारा बनाये रखने की अपील के साथ अफवाहों से दूर रहने की सलाह दें साथ ही कानून की अंदेखी करने वालो के विरूद्ध कड़ी कार्यवाही करें। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय की स्थिति व कानून एवं शान्ति व्यवस्था बनाये रखने के लिए जिला एवं पुलिस प्रशासन ने रणनीति तैयार करते हुए संवेदनशील स्थलों व असामाजिक तत्वों को निरन्तर चिन्हित कर कार्यवाही करते रहे है। उन्होंने कहा कि युवाओं खलिहरों पर विशेष ध्यान दिया जाये। संवेदनशीलता के हिसाब से ही सुरक्षा खाका तैयार कर व खुफिया तंत्र अलर्ट कर दिया गया है सोशल साइट्स पर किसी भी प्रकार की अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी निगरानी की जा रही है। किसी भी प्रकार की गड़बड़ी फैलाने का प्रयास करने वालों को कतई बक्शा नहीं जायेगा तथा कठोर कार्यवाही अमल में लायी जायेगी। 
जिलाधिकारी शुभ्रा सक्सेना ने निर्देश देते हुए कहा कि जनपद में वर्तमान में धारा 144 भी प्रभावी है। इसके  प्राविधानों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित कराया जाये। आमजन को बताया जाये कि पूर्व के भाति अपने-अपने क्षेत्रों में मिलजुल कर रहे और क्षेत्रों की कड़ी निगरानी करे तथा अफवाह फैलाये जाने वालों पर निगरानी करके उन्हें विरूद्ध प्रशासन को इत्तिला भी करते रहे। अफवाह फैलाये जाने वालों पर कानून अपना कार्य करेगा। अपने-अपने क्षेत्रों में भ्रमण करे शान्ति व्यवस्था को बनाये रखें तथा नगर व गांव के प्रमुख मार्गो पर पुलिस फोर्स के साथ रूट मार्च समय-समय पर निकाला जाये। सभी धर्मो सम्प्रदाओं के लोगों को बुलाकर उनसे परस्पर विचार विमर्श कर शान्ति व्यवस्था भाई चारा बनाये रखे। सोशल मीडिया या अन्य किसी माध्यम से सीएए, कैब व एनआरसी से सम्बन्धित किसी भी प्रकार की अफवाहें व अपत्तिजनक पोस्ट न करें अन्यथा सम्बन्धितों के विरूद्ध कठोर कार्यवाही की जायेगी। किसी को भी जनपद के महौल को खराब करने के इजाजत नही है। किसी के बहकावे में न आकर अपनी पहचान गंगा जमुनी तहजीब की मिसाल प्रस्तुत करें। किसी को भी चाहे व रजनैतिक पार्टी या समाजिक कार्यकर्ता अथवा कोई भी हो उन्हें किसी भी प्रकार का धरना प्रर्दशन करने की इजाजत नही है बिना अनुमति के किसी स्थान पर भीड़ एकत्रित होने पर रोक है। कानून का उल्लघन करने वालों के विरूद्ध कठोर कार्यवाही की जायेगी।
 इस मौके पर एडीएम एफआर प्रेम प्रकाश उपाध्याय, एडीएम ई राम अभिलाष, अपर पुलिस अधीक्षक नियत्यानन्द राय, नगर मजिस्टेªट युगराज सिंह सहित समस्त एसडीएम, बीडीओ आदि जनपदस्तरीय अधिकारी व पुलिस प्रभारी अधिकारी उपस्थित थे।


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