सीएए से शरणार्थियो को नागरिकता मिलने की कवायत शुरू

रायबरेली। जिला सूचना कार्यालय द्वारा आमजन को नूतन वर्ष की हार्दिक बधाई देने के साथ ही नागरिकता संशोधन अधिनियम-2019 सीएए का पम्पलेट-लीफलेट देकर लोगों को जागरूक किया जा रहा है। डिग्री कालेज चैराहा, एकता विहार, सब्जी मण्डी, निराला नगर, महाराजगंज, बछरावा सहित दूरदराज तक के लोगों को नागरिकता संशोधन अधिनियम 2019 का पम्पलेट देने के साथ ही आयोजित सभी बैठकों में भी जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक, मुख्य विकास अधिकारी, एडीएम प्रशासन/वि0रा0, समस्त एसडीएम, बीडीओ, बीएसए, डीआईओएस, डीपीआरओ, डीपीओ, सीडीपीओ, जनपद के समस्त थाना प्रभारी आदि को भी इस आशय सीएए पम्पलेट अपर मुख्य सचिव सूचना, निदेशक सूचना के निर्देशानुसार जिला सूचना कार्यालय द्वारा लोगो में वितरित किये जा रहे जिससे लोगों जागरूक हो सके। सहायक निदेशक सूचना प्रमोद कुमार द्वारा बताया गया कि यह कानून सिर्फ नागरिकता देने के लिए है किसी की नागरिकता छीनने का अधिकार इस कानून में नही है। भारत के अल्पसंख्यकों विशेषकर मुसलमानों का नागरिकता संशोधन अधिनियम से कोई अहित नहीं है। नागरिकता संशोधन अधिनियम से देश के नागरिकों की नागरिकता पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। यह कानून किसी भी भारतीय हिन्दू, मुसलमान आदि को प्रभावित नहीं करेगा। 
 इस अधिनियम के तहत पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश में धार्मिक उत्पीड़न के कारण वहां से आए हिन्दू, ईसाई, सिख, पारसी, जैन और बौद्ध धर्म को मानने वाले शरणार्थियों को भारत की नागरिकता दी जायेगी जो 31 दिसम्बर 2014 से पूर्व ही भारत में रह रहे हों तथा जो केवल इन तीन देशों से धर्म के आधार पर प्रताड़ित किए गए हों। अभी तक भारतीय नागरिकता लेने के लिए 11 साल भारत में रहना अनिवार्य था। यह कानून केवल उन लोगों के लिए है, जिन्होंने वर्षो से बाहर उत्पीड़न का सामना किया और उनके पास भारत आने के अलावा और कोई जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि आमजनों को सीएए के बारे में जागरूक करे तथा पम्पलेट वितरित करे।
 निराला नगर स्थित शरणार्थियों ने सीएए नागरिकता संशोधन अधिनियम को भी अच्छा बताया गया और कहा कि इस अधिनियम से हमसभी शरणार्थियों को सरकार नागरिकता देने की पहल कर रही है। हमसभी शरणार्थी सरकार द्वारा हमे नागरिकता दिलाये जाने के लिए अच्छे कार्य किया जा रहा है।