अनलाक का मतलब कोरोना से आजादी नहीं है

जिलाधिकारी, रायबरेली शुभ्रा सक्सेना ने कोविड-19 के संक्रमण की चेन को तोड़ने के लिए पूरी सावधानी बरतने पर जोर देते हुए कहा कि अनलाक का मतलब कोरोना से आजादी नहीं है। बल्कि और सर्तकता व जिम्मेदारियों के साथ शासन के दिशा निर्देशों का पालन करना है। सोशल डिस्टेंसिंग का अधिकारी कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराये। यह सुनिश्चित किया जाए कि सार्वजनिक स्थानों पर 5 से अधिक लोग एकत्र न हों। पुलिस द्वारा प्रभावी पेट्रोलिंग करते हुए भीड़ को एकत्र होने से निरन्तर रोका जाए। कन्टेनमेंट जोन के बाहर के क्षेत्रों में चरणबद्ध तरीके से छूट प्रदान करने की व्यवस्था की गई है। इसके तहत विगत दिवस से विभिन्न गतिविधियों को छूट शासन के दिशा निर्देशानुसार दी गई है। डीसी मनरेगा को निर्देश दिये गये है कि अधिक से अधिक मानव दिवस प्रतिदिन सृजित करने के लिए एक कार्य योजना बना कर प्रवासी श्रमिक व मनरेगा जाब कार्ड धारकों को रोजगार दिलाये। कृषि, उद्यान, वन विभाग द्वारा पौध रोपण के लिए गढ्ढा खोदने, प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क निर्माण की योजना, चेक डैम निर्माण, जल जीवन मिशन से जुड़े कार्याें सहित विभिन्न कार्य करते हुए रोजगार उपलब्ध कराए जाए।
 जिलाधिकारी ने कहा है कि सरकार की मंशा है कि कोई भी व्यक्ति सड़क पर न सोए इसके लिए समस्त एसडीएम व अपर जिलाधिकारी प्रशासन पटरी दुकानदारों के लिए ऐसे स्थान चयनित किए जाएं, जहां वे सुगमतापूर्वक अपना कारोबार कर सके और यातायात भी अवरुद्ध न हो। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का संकल्प है कि कोई सड़क पर न सोए। प्रवासी श्रमिकों के हितों को ध्यान में रखते हुए शासन द्वारा दी गई सभी सुविधाओं श्रमिकों के लिए उपलब्ध कराया जाये। सरकार की मंशा है कि प्रदेश व जनपद के नव निर्माण में प्रदेश में आए कामगारों-श्रमिकों का योगदान लिया जाए। इसके लिए यह सुनिश्चित किया जाए कि सभी जनपदों मे कामगारों-श्रमिकों को रोजगार मिले। ग्रामीण तथा शहरी क्षेत्रों में विभिन्न सेक्टरों में इन कामगारों-श्रमिकों के लिए रोजगार की सम्भावनाएं चिन्हित कर आवश्यक कार्यवाही करें। सीएमओं को निर्देश दिये गये है कि कोविड चिकित्सालयों की व्यवस्थाओं को सुचारू एवं सुदृढ़ बनाए रखें तथा निगरानी समितियों को निरन्तर सक्रिय रखा जाए। कोरोना पाॅजिटिव मरीज का उपचार भली-भांति किया जाये। उन्होंने डाक्टरों सहित सभी चिकित्साकर्मियों का प्रशिक्षण कार्य क्रम लगातार जारी रखने निर्देश भी दिए। कोविड चिकित्सालयों की व्यवस्थाओं को चुस्त-दुरुस्त रखा जाए। अस्पतालों में साफ-सफाई के बेहतर प्रबन्ध सुनिश्चित किए जाए। मरीजों को समय पर दवा, शुद्ध एवं सुपाच्य भोजन के साथ-साथ पीने के लिए गुनगुना पानी उपलब्ध कराया जाए। यह सुनिश्चित किया जाए कि डाॅक्टर, नर्सिंग एवं पैरामेडिकल स्टाफ नियमित राउण्ड लें। सीवीओं को निर्देश दिये गये है कि गौ-आश्रय स्थलों पर गौवंश के लिए सभी आवश्यक प्रबन्ध सुनिश्चित करें तथा गौ-आश्रय स्थलों में गायों को पर्याप्त मात्रा में भोजन उपलब्ध कराया जाए। गर्मी तथा बरसात से बचाव के लिए समुचित प्रबन्ध किए जाएं। उन्होंने ग्रामीण तथा शहरी इलाकों में सेनिटाइजेशन के कार्य को लगातार किए जाने के निर्देश भी दिए।