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पैरेन्ट्स डे समारोह में छात्रों की भावपूर्ण प्रस्तुतियां

सिटी मोन्टेसरी स्कूल, राजेन्द्र नगर (तृतीय कैम्पस), लखनऊ द्वारा ‘एनुअल पैरेन्ट्स डे’ समारोह का भव्य आयोजन आज सी.एम.एस. कानपुर रोड आडिटोरियम में सम्पन्न हुआ। समारोह का शुभारम्भ दीप प्रज्वलन से हुआ। इस अवसर पर अपने सम्बोधन में सी.एम.एस. संस्थापक व प्रख्यात शिक्षाविद् डा. जगदीश गाँधी ने कह, परिवार समाज की सबसे छोटी परन्तु सबसे सशक्त इकाई है एवं एकता व शान्ति के वातावरण की शुरूआत घर-परिवार से ही होती है। घर के प्रेममय व ईश्वरमय वातावरण से बच्चों का विकास बहुत संतुलित एवं तेजी से होता है। डा. गाँधी ने आगे कहा कि सी.एम.एस. द्वारा ऐसे प्रयास किये जा रहे हंै जिससे कि प्रत्येक बालक को घर व विद्यालय दोनों जगह विश्व एकता एवं विश्व शान्ति के विचार मिल सके। उन्होंने आगे कहा कि इस तरह के कार्यक्रम बच्चों के दृष्टिकोण को व्यापक बनाने में बहुत मददगार होते हैं।
 इस शानदार समारोह में सी.एम.एस. छात्रों ने विश्व शान्ति एवं ईश्वरीय एकता का सन्देश देती ‘सर्व-धर्म एवं विश्व शान्ति प्रार्थना’ के प्रस्तुतिकरण से सभी के हृदयों को प्रभु प्रेम से सराबोर कर दिया। इसके उपरान्त, रंग-बिरंगी पोशाकों में हँसते-गाते एवं जीवन का उल्लास बिखरते छात्रों ने एक से बढ़कर एक शिक्षात्मक-साँस्कृतिक कार्यक्रमों द्वारा एकता, सहयोग, सहकार एवं सामूहिकता का अद्भुद दृश्य उपस्थित कर अभिभावकों को मंत्रमुग्ध कर दिया एवं तालियों की गड़गड़ाहट से सम्पूर्ण आडिटोरियम गूँज उठा। समूह गान, समूह नृत्य, एरोबिक्स, भांगड़ा, कव्वाली आदि विभिन्न प्रस्तुतियों को अभिभावकों ने खूब सराहा तथापि छात्रों द्वारा प्रस्तुत ‘वल्र्ड पार्लियामेन्ट’ के शानदार प्रस्तुतिकरण ने भी सभी का ध्यान आकर्षित किया।
 सी.एम.एस. राजेन्द्र नगर (तृतीय कैम्पस) की प्रधानाचार्या श्रीमती दीपाली गौतम ने अपने संबोधन में कहा कि अनुशासित एवं संस्कारयुक्त वातावरण में पले-बढ़े बालक ही आगे चलकर समाज का मार्गदर्शन कर सकते हैं। उन्होंने बच्चों की प्रतिभा की प्रशंसा करते हुए कहा कि हमें अभिभावकों का जो सहयोग बराबर मिलता है यह उसी का परिणाम है। अभिभावक ही बालक में निहित प्रतिभा को विकसित करने का सुअवसर प्रदान करते हैं। उन्होंने विश्वास दिलाया कि अभिभावक जिस विश्वास के साथ अपने प्रिय बच्चों को अच्छी पढ़ाई के साथ-साथ अच्छा इन्सान बनाने के लिए भेजते हंै, उस पर अवश्य खरे उतरेंगे।


 


 


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