सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

बिकिनी सीन देने में कोई भी झिझक नहीं होती है: रीतिका

आज के युवा वर्ग पर बनी रोमांटिक कामेडी फिल्म, लव के फंडे ग्लैमरस, बोल्ड और सेक्सी इंटरनेशनल बिकिनी माडल रीतिका धमाकेदार भूमिका अदा की। रोमांटिक कामेडी फिल्म, लव के फंडे में का निर्माण आरवी बिग बिजनेस एंटरटेनमेंट प्राईवेट लिमिटेड के बैनर तले किया गया है। इसके निर्माता फाएज अनवार और प्रेम प्रकाश गुप्ता है और इसके लेखक-निर्देशक इन्दरवेश योगी है। इस फिल्म के संगीतकार प्रकाश प्रभाकर और फरजान फाएज है। यह फिल्म दिल्ली की रहने वाली ग्लैमरस, बोल्ड और सेक्सी इंटरनेशनल बिकिनी माडल रीतिका गुलाटी ने इस फिल्म में अनु नामक बोल्ड योगा टीचर की भूमिका निभाया है। जिसको लेकर वे चर्चा का विषय बनी हुई है। जिसके लिए फिल्म के निर्माता फाएज अनवार के मुंबई के अंधेरी स्थित आफिस में इण्डियन स्पीड के विशेष संवाददाता से रीतिका गुलाटी से की गई भेटवार्ता के प्रमुख अंश को यहाँ प्रस्तुत कर रहे है...   
आप पहले अपने बारे में बताये? आपने इसके पहले क्या-क्या किया है?    
मैं दिल्ली की रहने वाली हूँ। मैंने मिस दिल्ली जीता था। उसके बाद काफी माडलिंग की और किंग फिशर के लिए भी बिकिनी माडल बनी। उसके बाद कई शूट करते-करते मैं इसमें फेमस हो गई। लेकिन मैं फिल्म में अभिनय करना चाहती थी। और किसी के जरिये यहाँ आई और यह फिल्म मिल गई।     लव के फंडे में आपका क्या रोल है?      
मैं इस फिल्म में अनु नामक योगा टीचर की भूमिका निभा रही हूँ। जोकि ओपन माइंडेड है। कई बार प्यार में धोखा खा चुकी है। उसे जब भी प्यार किसी से होता है, बाद में वह शादीशुदा निकलता है।        
क्या इस फिल्म में भी आपका कोई बिकिनी सीन है?   
हाँ लव के फंडे में भी कुछ मेरे बिकिनी सीन है। जोकि फिल्म की कहानी और रोल के अनुसार है। जिसे दर्शक पसंद करेंगे।      
फिल्म शूट के दौरान कोई ऐसा वाक्य जिसे आप हमेशा याद रक्खें?       
हाँ एक ऐसा वाक्य है जो मुझे हमेशा याद रहेगा। हुआ यूँ कि जब मुझे पता चला की लव के फंडे की यूनिट शूटिंग के लिए कश्मीर जा रही है। तो मैं बहुत एक्ससाइटेड हुई। क्यूकि मुझे स्नोफाल देखने को मिलेगा, जोकि मुझे बहुत पसंद है। इस बात को लेकर मैं बहुत खुश थी। लेकिन जब सांग शूट के दौरान लैंड स्लाइड हो गया तो हम लोग चार दिन तक बर्फ में फंस गए। लेकिन हम लोगों ने कश्मीर में बिताए सभी मूमेंट को काफी इंजाय किया।        
आप बिकिनी सीन देती है, आपको कुछ अजीब नहीं लगता? इस पर आपके घर वालों और रिश्तेदारों की क्या प्रतिक्रिया होती है?
मुझे बिकिनी सीन देने में कोई भी झिझक नहीं होती है। मैं काफी कम्फर्टेबल होती हूँ। यह मेरा काम है और रियल लाइफ में मैं ऐसी नहीं हूँ ,सभी जानते है। जब शुरू किया था, तब घर के कुछ लोगों को अटपटा लगता था। लेकिन बाद में सबको ठीक लगने लगा। यह केवल नयी लड़कियों के साथ होता है। आज फिल्म की बड़ी बड़ी अभिनेत्रियां भी यह सब करती है, उन्हें कोई कुछ बोलता है क्या? और वैसे भी जब आप हिट है तो यह बात कोई मायने नहीं रखती है और अगर फ्लाप है तो लोग दस बुराई ढूंड लेते है।       
भविष्य की क्या योजना है?   
बतौर अभिनेत्री अपनी एक पहचान बनाना है। जिसे लोग उसके अच्छे अभिनय और अच्छे काम के लिए याद रक्खें । 


इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

पक्षी आपका भाग्य बदले

मनुष्य का जीवन अपने आसपास के वातावरण से ही प्रभावित होता है। व्यक्ति के आस-पास के पशु पक्षी उसके जीवन का अभिन्न अंग है। भारतीय ऋर्षियों तथा संसार के अध्यात्मवादियो ने संसार के पक्षियों को ना केवल ज्योतिष तथा मनुष्य के भाग्य से जोड़ा है। बल्कि पक्षियों को उपयोग शकुन ज्योतिष, फलित तथा प्रष्न ज्योतिष तथा अनेकों ज्योतिष, तांत्रिक उपचारों और शारीरिक मानसिक रोगों के निवारण में किया है। भारत मे पंच प़क्षी शास्त्र, कल्ली पुराण पर आधारित तोते द्वारा भविष्यवाणी, पक्षी तंत्र तथा शकुन ज्योतिष का प्रयोग आदिकाल से ही किया जाता है भारत मे गरूड़ जी, नीलकंठ, काकभुषुंडी,, हंस, जटायु व संपाती, शुकदेव जी आदि दिव्य पक्षियों तथा अनेक देवी देवताआंे वाहन के रूप मे पक्षियों को प्रयोग किये जाने का  वर्णन है। जैसे भगवान विष्णु का गरूड़, कार्तकेय जी का मयूर, माता लक्षमी का उल्लू, विश्वकर्मा, वरूण जी तथा स्वरसती जी का हंस आदि शनिदेव का कौआ आदि का प्राचीन काल मे पक्षियों द्वारा डाक सेवा युद्ध संबधी शकुन का भी काम लिया जाता था पक्षियों को स्वतंत्रता, नवीन विचारों, आनंद, तनाव, मुक्ति, प्रषंसा, यष, धन्यवाद देने, प्रजनन श

परिवर्तन योग से करें भविष्यवाणी

भारतीय ज्योतिशशास्त्र में भविष्यकथन के सैकड़ों सूत्रो का वर्णन है। इन्ही सूत्रों मे से एक है परिवर्तन योग जिसका वर्णन पाराशरीय और नाड़ी ग्रन्थों दोंनों मे पाया जाता है। हाँलाकि दोनो प्रकार के ग्रन्थों में इन सूत्रों को विभिन्न तरीको से प्रयोग किया गया है ज्योतिष मे परिवर्तन योग के तीन रूप पाये जाते हैं। 1. भाव परिवर्तन 2. राशि परिवर्तन 3. नक्षत्र परिवर्तन  भाव परिवर्तन पाराशरीय व कुछ नाड़ी ग्रन्थों जैसे षुक्र नाड़ी मे इसके सूत्रो का वर्णन पाया जाता है। जो भावा के स्वामियो के बीच स्थान परिवर्तन से बनता है। जैसे चतुर्थेश षष्ठ भाव मे जाय और षष्ठेश चतुर्थ भाव मे जाय। इसके भी तीन भेद हैं। 1. दो शुभ भावों के स्वामियों का परस्पर परिवर्तन जैसे लग्न व पंचम भाव का परिवर्तन या दो केन्द्रेशों का परिवर्तन या केन्द्र और त्रिकोण भाव मे परस्पर परिवर्तन। 2. दो त्रिकेशांे का परिवर्तन जो विपरीत राजयोग बनाता है। 3. किसी केन्द्रेश या त्रिकोणेश का त्रिकेश से परिवर्तन। जैसे दशमेश का द्वादेश से परिवर्तन या पंचमेश या द्वादेश के बीच परिवर्तन। 2. ग्रह या राशि परिवर्तन  इसका वर्णन स्व. आर. जी. राव द्वारा अनुवादित और

जेल जाने के योग

ज्योतिष शास्त्र अनुसार कुंडली के आठवें मतांतर से बारहवें भाव से कारावास तथा सजा का विचार किया जाता है। कुंडली के इस घर में राहु अगर अष्टमेश के साथ हो तो उसके अशुभ प्रभाव के कारण व्यक्ति को किसी बड़े अपराध के कारण जेल जाना पड़ता है। शनि  मंगल और राहू मुख्य रूप से यह तीन ग्रह एवम् इनका आपसी सम्बन्ध जेल के कारक है। शनि व 12 भाव सजा का कारक है। छठा भाव व मंगल राहू अपराध के कारक है। अगर किसी व्यक्ति की कुण्डली में मंगल और राहु एक साथ किसी भाव में बैठकर युति करते हैं तो जेल योग बनता है केतु रस्सी बेड़ी हथकड़ी का कारक ग्रह हैं अशुभ मंगल व राहु के बीच दृष्टि संबंध बनता हो तो अंगारक योग की वजह से ऐसा इंसान हिंसक स्वभाव वाला हो जाता है और अपराध करता है जिससे जेल जाना पड जाता है। शनि मंगल व राहु मुख्य रूप से जेल यात्रा कराने का भी योग बनाते हैं और इनकी युति या आपस में दृष्टि इस तरह की स्थितियां बना देती है कि आखिर इंसान को जेल जाना ही पड जाता है। जन्मकुंडली में सूर्यादि ग्रह समान संख्या में लग्न एवं द्वादश तृतीय एवं एकादश, चतुर्थ, दशम, षष्ठ एवं अष्टम भाव में स्थित हो तो यह बंधन योग बनाता है यह स्थिति