सूखी खांसी में मुलेठी का सेवन लाभकारी है

स्वस्थ्य शरीर के लिए आज भी अधिकतर परिवारों के लोग जाड़े में देशी समानों का अधिक उपयोग किया जाता है इसी संदर्भ में जानें मुलेठी में पाये जाने वाले औषधीय गुण बारे में। मुलेठी में कई औषधीय गुण पाए जाते हैं और कई रोगों को ठीक करने में सहायक होता है। आम तौर पर इसका प्रयोग लोग पान के साथ करते हैं। स्वाद में मीठी मुलेठी कैल्शियम, ग्लिसराइजिक एसिड, एंटी-अक्सीडेंट, एंटीबायोटिक, प्रोटीन और वसा के गुणों से भरपूर होती है. इसका इस्तेमाल नेत्र रोग, मुख रोग, कंठ रोग, उदर रोग, सांस विकार, हृदय रोग, घाव के उपचार के लिए सदियों से किया जा रहा है। यह बात, कफ, पित्त तीनों दोषों को शांत करके कई रोगों के उपचार में रामबाण का काम करती है।
मुलेठी के उपयोग और फायदेः-
- अगर आप सूखी खांसी या गले की समस्याओं से परेशान हैं, तो काली मिर्च के साथ पीस कर मुलेठी का सेवन, सूखी खांसी में तो लाभकारी है ही, साथ ही इसे चूसने या उबालकर सेवन करने से गले की खराश, दर्द आदि में भी लाभ होता है।
- मुलेठी चेहरे की खूबसूरती को बढ़ाने का काम करती है। इसे घिसकर लगाने पर चेहरे के दाग और मुंहासे ठीक हो जाते हैं, मुलेठी रक्त को भी शुद्ध करती है जिससे त्वचा की समस्याएं नहीं होती।
- दूध के साथ मुलेेठी का सेवन शरीर की ताकत में वृद्धि करता है। इसके अलावा घी व शहद के साथ प्रयोग करने से हृदय से संबंधित समस्याएं नहीं होती। 
- मुंह में छाले हो जाने की स्थिति में मुलेेठी चूसना, इसके पानी से कुल्ला करना और उसे पीना बहुत जल्दी छालों से राहत देता है। साथ ही मुलेेठी आवाज को मधुर और सुरीली बनाने के लिए भी उपयोग की जाती है।
- पेट के अल्सर में मुलेठी का सेवन ठंडक देने के साथ ही लाभप्रद होता है। आंत की टीबी होने की स्थिति में भी मुलेठी फायदेमंद उपाय है। 
- त्वचा या शरीर में कहीं जल जाने पर भी मुलेठी के चूर्ण और मक्खन का लेप एक कारगर उपाय है, साथ ही यह आंखों की रौशनी में भी वृद्धि करती है। मुलेठी हमारे शरीर के लिए बहुत उपयोगी है।