सेमिनार हाल का लोकापर्ण

उत्तर प्रदेश के ग्राम्य विकास विभाग एवं समग्र ग्राम विकास मंत्री राजेन्द्र प्रताप सिंह ‘‘मोती सिंह’’ व राज्यमंत्री संसदीय कार्य/ग्राम्य विकास विभाग एवं समग्र ग्राम विकास आनन्द स्वरूप शुक्ल की सहभागिता में क्षेत्रीय ग्राम्य विकास संस्थान में नवनिर्मित माॅडल सेमिनार हाल का फीता काट कर लोकापर्ण किया। मंत्री व राज्यमंत्री ने शिलान्यास एवं दीप प्रज्ज्वलित के उपरान्त अपने सम्बोधन में कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों के चैमुखी विकास के लिए ग्राम्य विकास विभाग द्वारा अनेक कार्यक्रम व योजनाए चलाई जा रही है। योजनान्तर्गत पिछड़े राजस्व ग्रामो (मजरे, पूरवे, टोले, बसावट सहित) अवस्थापना, लाभार्थीपरक व विकास योजनाओं को प्रथमिकता पर संचालित किया गया है। क्षेत्रीय/जिला ग्राम्य विकास संस्थाओं के कार्य ग्रामीण विकास से सम्बन्धित समस्त योजनाओं का कार्यपरक अध्ययन एवं तथ्यपरक मूल्यांकन करना तथा सफलता एवं असफलता के बिन्दुओं पर विश्लेषण कर प्रतिवेदन करना है। संस्थान के माध्यम से विभिन्न प्रकार के प्रशिक्षण, परामर्शीय सेवाए, आपदा प्रबन्धन प्रशिक्षण कार्यक्रम, पेयजल एवं स्वच्छता विषयक, सोशल आडिट, सहभागी सिंचाई प्रबंधन आदि कार्यक्रमों को सरल एवं सुबोध ढंग से आमजन को बताकर जनसामान्य को लाभान्वित किया जा सकता है। प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना गरीबों के लिए एक लाभ परक योजना है इसका अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार कर लोगों को लाभ दिलाया जाए।


ग्राम्य विकास मंत्री एवं समग्र ग्राम विकास मंत्री राजेन्द्र प्रताप सिंह मोती सिंह ने कहा कि ग्राम्य विकास विभाग की तकनीकी सुविधाओं से पूर्ण एवं विभाग को ग्रामवासियों हेतु लाभाकारी बनाने की सरकार की मंशा पर बल दिया। राज्यमंत्री आनन्द स्वरूप शुल्क ने कहा कि उर्जावन एवं परिणाम की दिशा में ग्राम्य विकास विभाग को ले जाने की ओर किये जा रहे प्रयासों को साझा करते हुए कहा कि ग्रामों की आर्थिक एवं सामाजिक विकास से ही प्रदेश का विकास सम्भव है। संस्था के कार्यो को निरन्तर अपना व्यवहारिक ज्ञान को अद्यावधिक कर इनमें व्यवसायिक क्षमता विकसित करना तथा कार्यक्रमों के कार्यान्वयन, अनुश्रवण एवं मूल्यांकन प्रक्रिया को दक्ष बनाने के लिए जरूरत है। महानिदेशक, दीन दयाल उपाध्याय, राज्य ग्राम्य विकास संस्थान के एल0 वेन्कटेश्वर लू ने माॅडल सेमिनार हाॅल की आवश्यकता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि ग्राम्य विकास संस्थान में क्षेत्रीय ग्राम्य विकास संस्था के कार्य सभी विभागों के अधिकारियों/कर्मचारियों के प्रशिक्षण, अनुसंधान एवं परामर्शीय सेवाओं, साहित्य प्रकाशन/प्रशिक्षण कार्यक्रमों के समन्वय हेतु शीर्ष संस्थान के रूप में स्थापित होकर सेवा प्रदान कर रही है।
जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव ने ग्राम्य विकास विभाग के प्रशासनिक सहयोग हेतु अपने स्तर से किये जा रहे प्रयासो से मंत्री जी को अवगत कराया। इस मौके पर अपर निदेशक, सहायक आयुक्त प्रशिक्षण, जिला विकास अधिकारी, परियोजना निदेशक, उपायुक्त स्वतः रोजगार, बीडीओ तथा विभागीय अधिकारियो के साथ प्रधानमंत्री गरीबी उन्मूलन एवं मनरेगा के कार्यो की समीक्षा करेंगे। इस मौके पर संस्थान को हरा-भरा देखने पर ग्राम्य विकास मंत्री ने संस्था की प्रशंसा करते हुए और अधिक वृक्षारोपण करने पर जोर दिया।