डा0 लोहिया के विचार आज भी प्रासंगिक - इं. वीरेन्द्र यादव

समाजवादी पार्टी के जिला रायबरेली मुख्यालय में डा0 राम मनोहर लोहिया की जयन्ती समता दिवस के रूप में मनायी गयी। कार्यक्रम की अध्यक्षता इं. वीरेन्द्र यादव व संचालन पूर्व महासचिव अरशद खान ने किया। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष ने कहा कि डा0राम मनोहर लोहिया आर्थिक असमानता को दूर करने, अन्याय के विरूद्ध आवाज बुलन्द करने के पक्षधर थे, उन्हीं के विचारों को मुलायम सिंह यादव ने आगे बढ़ाया और अब अखिलेश यादव बढ़ा रहे हैं। बछरावाँ विधायक श्याम सुन्दर भारती ने कहा कि डा0 लोहिया व बाबा साहब भीमराव अम्बेडकर मिलकर समाज के विकास के लिए कार्य योजा बना रहे थे। बाबा साहब के निधन से मिशन को धक्का लगा। पूर्व अध्यक्ष रामदेव यादव ने हा कि लोहिया जी सत्ता परिवर्तन से अधिक व्यवस्था परिवर्तन में विश्वास रखते थे। हरचन्दपुर विधायक राहुल लोधी ने कहा कि लोहिया जी का मानना था कि संघर्ष से समाज को नयी दिशा मिलती है। एक पैर रेल में एक पैर जेल में उनका नाश बहुत प्रचलित था। सेन्ट्रल बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष ओपी यादव ने कहा कि आज के देश के महान सपूतों सरदार भगत सिंह, राजगुरू, सुखदेव को फांसी दी गयी थी, उन्हीं के बलिदान से आज हम आजाद हिन्दुस्तान में सांस ले रहे हैं। पूर्व पालिकाध्यक्ष हाजी मो0 इलियास ने कहा कि लोहिया जी सरकारी काम काज हिन्दी भाषा में किये जाने के समर्थक थे। पूर्व सहायक शासकीय अधिवक्ता राजेन्द्र यादव ने कहा कि डा0 लोहिया संगठन व कार्यकर्ता को अधिक महत्व देते थे। व्यापारी नेता मुकेश रस्तोगी ने कहा कि लोहिया जी ने नारी सम्मान के लिए हमेशा ठोस कार्यक्रम तैयार करने के पक्षधर थे।  इस असर पर राजेश मौर्य, बुधेन्द्र सिंह, जे.पी. यादव, शकील मंसूरी, शमशाद, सुरेश पटेल, सुल्तान घोसी, सतगुरू प्रसाद, जावेद, मो. फहीम, मो0 वसीम, सतीश महाजन, समर बहादुर यादव, जे.पी. यादव, योगेश्वर चौधरी, फिरोज अहमद, रामकुमार, विनोद यादव, मो. शमशाद, शकील मंसूरी, मनोज यादव, पारूल बाजपेयी, सुशील मौर्य, शत्रुघ्न पटेल, मो0 अमीन, दिनेश केसरूवा, शुभम लोहिया, घनश्याम यादव, ओम प्रकाश सोनकर, राजीव गौतम, अरविन्द चौधरी, शुभम पाल, देवतादीन यादव आदि लोगों ने लोहिया जी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डाला।
 

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